दिलीप कुमार के मुँह बोले बेटे हैं शाहरुख खान ,अपने बेटे की तरह देते थे प्यार,कई बार घर जाते थे शाहरुख खान

 

बॉलीवुड के दिग्गज कलाकार दिलीप कुमार की मृत्यु 7 जुलाई को सुबह 7:30 बजे हुई। उनके निधन पर पूरी फिल्म इंडस्ट्री दुख मना रहा है। दिलीप कुमार और शाहरुख खान के बीच एक बहुत ही गहरा रिश्ता है।

Was Dilip Kumar just like SRK, a complete outsider in Bollywood? - Quora

दिलीप कुमार ने अपनी फिल्म कैरियर की शुरुआत ज्वार भाटा फिल्म से की। इस दिग्गज अभिनेता को ट्रेजेडी किंग के नाम से जाना जाता है। 7 जुलाई 2021 को सुबह 7:30 बजे उन्होंने दम तोड़ दिया। उनकी फिल्म एक से एक होती थी उन्हें अभिनय की दुनिया का लीजेंड कहा जाता था। इनमें देवदास , नया दौर , राम और श्याम तथा मुग़ल-ए-आज़म जैसी फिल्मों में अभिनय कर हमेशा के लिए अमर हो गया।

When Shah Rukh Khan rolled the red carpet for late legendary actor Dilip  Kumar and wife Saira Banu - Watch | People News | Zee News

फिल्म इंडस्ट्री को उनके निधन से बहुत बड़ा झटका लगा है बॉलीवुड के कई ऐक्टरों ने ट्वीट करके अपने दुख को जताया। शाहरुख खान इनके निधन के बाद काफी परेशान दिखाई दिए और हो भी क्यों ना? उनके साथ इनका एक अलग ही रिश्ता था। दिलीप कुमार शाहरुख खान को अपना बेटा का दर्जा देते थे और उन्हें अपना मुंह बोला बेटा समझते थे।

Dilip Kumar: Indians, Pakistanis pay tributes to Bollywood icon | Bollywood  News | Al Jazeera

इन दोनों में इतना गहरा संबंध इसलिए है क्योंकि उनके पिता ताज मोहम्मद खान का जन्म और पालन-पोषण पेशावर के उसी गली में हुई थी जहां दिलीप कुमार का पैतृक परिवार रहता है। बीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार शाहरुख खान ने भी उस गली में बहुत समय बिताया है।

Saira Banu shares details of Dilip Kumar's relationship with Shah Rukh Khan,  Aamir Khan & Salman Khan

शाहरुख खान ने अपने पिता के साथ कुछ महीने पहले ही बचपन की एक फोटो को सोशल मीडिया पर शेयर किया और पेशावर की यादों को ताजा किया। इस फोटो के साथ उन्होंने कैप्शन में लिखा कि वह अपने तीनों बच्चों को अपने उस जगह जाना चाहते हैं।

Shahrukh Khan | Feed | Dilip Kumar | Eid Party - Filmibeat

दिलीप कुमार का जन्म पाकिस्तान के पेशावर में हुआ था और उन्होंने अपने शुरुआती वक्त को वहीं बिताया था। दिलीप कुमार की एक पैतृक हवेली पेशावर के क़िस्सा खवानी में है जो एक 100 साल पुराना है जिससे राष्ट्रीय विरासत घोषित पाकिस्तान सरकार द्वारा किया गया हैं।

Leave a Comment